एसईसीएल बैकुंठपुर क्षेत्र – एसईसीएल मुख्यालय बिलासपुर से ट्रांसफर सूची में नाम आने के बाद नए महाप्रबंधक को चार्ज दिए बिना ही बिना किसी सूचना के नदारत पूर्व महाप्रबंधक बीएन हां।
कार्यकाल के दौरान अनियमितताओं के भी आरोप
सूत्रों के अनुसार, पूर्व महाप्रबंधक के कार्यकाल में कई प्रकार की गंभीर अनियमितताएं भी सामने आईं, जिनमें—
कॉल हैंडलिंग प्लांट (CHP) में संडे ड्यूटी आवंटन के लिए अवैध वसूली:
आरोप है कि कर्मचारियों से ड्यूटी देने के बदले पैसे लिए जाते थे।
फर्जी ट्रेनिंग सर्टिफिकेट जारी करने का मामला:
बिना समुचित प्रशिक्षण के मजदूरों को प्रमाणपत्र देकर खदान में उतार दिया गया।
खदान दुर्घटनाएं और मजदूरों की मौत:
अप्रशिक्षित मजदूरों के खदान में जाने से दुर्घटनाएं हुईं, जिनमें कई मजदूरों की जान गई।
सरफेस ड्यूटी में अनियमितता:
कई कर्मचारियों को नियमों के विपरीत खदान के अंदर कार्य के बजाय बाहर (सरफेस) ड्यूटी दी गई, जिसमें पक्षपात की आशंका जताई जा रही है। हालांकि इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है, लेकिन लगातार सामने आ रहे तथ्यों ने पूरे मामले को गंभीर बना दिया है।
जांच और कार्रवाई की मांग
कर्मचारियों और स्थानीय लोगों ने इस पूरे प्रकरण की उच्च स्तरीय और निष्पक्ष जांच की मांग की है। उनका कहना है कि यदि समय रहते सख्त कार्रवाई नहीं की गई, तो इससे संगठन की छवि और कार्यप्रणाली दोनों पर नकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। अब देखना यह होगा कि SECL प्रबंधन इस मामले में क्या रुख अपनाता है और क्या संबंधित अधिकारी के खिलाफ नियमों के तहत कार्रवाई की जाती है या नहीं।
ब्युरो रिपोर्ट




