शराब दुकान बंद कराने की शिकायत लेकर कलेक्टर के पास पहुंची थीं महिलाएं, कलेक्टर की बात सुनकर भडक़ गईं, कहा- नहीं चाहिए महतारी वंदन का पैसा
अंबिकापुर। महतारी वंदन का पैसा नहीं चाहिए पर गांव में शराद दुकान हो बंद, क्योंकि हम सब अपने पति, बच्चों का जीवन बर्बाद होने देना नहीं चाहते हैं। उक्त बातें दरिमा की महिलाओं ने कहीं। दरिमा क्षेत्र में संचालित अंग्रेजी शराब दुकान के विरोध में मंगलवार को बड़ी संख्या में ग्रामीण और महिलाएं कलेक्टोरेट पहुंची थीं। जनदर्शन में उन्होंने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर शराब दुकान बंद कराने की मांग की। मामला उस समय गरमा गया, जब महिलाओं ने कलेक्टर पर शराब दुकान और महतारी वंदन योजना को जोडक़र बात करने का आरोप लगाया। नाराज महिलाओं ने कलेक्ट्रेट परिसर में जमकर नारेबाजी की। महिलाओं ने कहा कि हमे महतारी वंदन का पैसा नहीं चाहिए, लेकिन शराब दुकान हटाएं।
सरगुजा जिले के दरिमा क्षेत्र में एक सप्ताह पूर्व खुले अंग्रेजी शराब दुकान (liquor shop) का ग्रामीण विरोध कर रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि शराब दुकान खुलने से गांव का माहौल खराब हो रहा है। महिलाओं और युवाओं पर इसका नकारात्मक असर पड़ रहा है। इसी मांग को लेकर मंगलवार को बड़ी संख्या में महिलाएं और ग्रामीण जनदर्शन में पहुंचे थे।
महिलाओं का आरोप है कि कलेक्टर अजीत बसंत से मुलाकात के दौरान उन्होंने पूछा कि क्या उन्हें महतारी वंदन योजना का लाभ मिल रहा है। महिलाओं ने बताया कि योजना का लाभ मिल रहा है। इसके बाद कथित तौर पर कलेक्टर ने कहा कि जिस तरह महतारी वंदन योजना सरकार की योजना है, उसी तरह शराब दुकान भी सरकार की नीति के तहत संचालित होती है।
महिलाएं बोलीं- गांव में शांति और सुरक्षा चाहिए
कलेक्टर की इस बात से महिलाएं नाराज हो गईं। महिलाओं ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि महतारी वंदन योजना और शराब दुकान का कोई संबंध नहीं है। उनका कहना था कि उन्हें योजना का लाभ नहीं, बल्कि गांव में शांति और सुरक्षित माहौल चाहिए। महिलाओं ने साफ कहा कि गांव में शराब दुकान बंद होनी चाहिए।
जमकर की नारेबाजी
विरोध के दौरान कलेक्ट्रेट परिसर में महिलाओं ने जमकर नारेबाजी की। शराब दुकान बंद करो, गांव बचाओ जैसे नारों से परिसर गूंज उठा। प्रदर्शन कर रही महिलाओं ने कहा कि शराब की वजह से गांव में विवाद और सामाजिक समस्याएं बढ़ रही हैं। परिवारों का माहौल खराब हो रहा है और महिलाएं खुद को असुरक्षित महसूस कर रही हैं।
ब्युरो रिपोर्ट



